


पूर्णिया। आकाशवाणी रोड स्थित सहयोग प्रांगण में बुधवार को बाबू वीर कुंवर सिंह विजय उत्सव के अवसर पर कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस मौके पर सहयोग संस्था के अध्यक्ष डॉ. अजीत प्रसाद सिंह ने वीर कुंवर सिंह के तैल चित्र पर पुष्प अर्पित कर उन्हें नमन किया।
कार्यक्रम के तहत राष्ट्रप्रेम को बढ़ावा देने के उद्देश्य से वीर कुंवर सिंह के जीवन पर आधारित भाषण प्रतियोगिता आयोजित की गई। प्रतियोगिता में राजीव कुमार ने प्रथम, राजा कुमार ने द्वितीय और अभिषेक कुमार ने तृतीय स्थान प्राप्त किया। विजेताओं को डॉ. अजीत प्रसाद सिंह द्वारा लेखन सामग्री देकर सम्मानित किया गया।
अपने संबोधन में डॉ. अजीत प्रसाद सिंह ने वीर कुंवर सिंह की वीरता का उल्लेख करते हुए कहा कि उन्होंने 80 वर्ष की उम्र में अंग्रेजों के खिलाफ लड़कर यह सिद्ध कर दिया कि स्वतंत्रता संग्राम में उम्र नहीं, बल्कि जज्बा महत्वपूर्ण होता है। उन्होंने कहा कि जगदीशपुर के इस वीर सपूत ने अदम्य साहस और छापामार युद्ध नीति के बल पर अंग्रेजों को कई बार पराजित किया।
ज्ञात हो कि 1857 का प्रथम स्वतंत्रता संग्राम के प्रमुख योद्धाओं में शामिल वीर कुंवर सिंह ने 23 अप्रैल 1858 को अंग्रेजों को परास्त कर जगदीशपुर पर पुनः कब्जा किया था। उनकी इस विजय की स्मृति में बिहार में प्रत्येक वर्ष 23 अप्रैल को विजय दिवस मनाया जाता है।
कार्यक्रम में डॉ. के. के. चौधरी, डॉ. राजेश गोस्वामी, डॉ. सतीश ठाकुर, डॉ. प्रीतम कुमार, आस्था राजकुमार, मीना कुमारी, दीपक कुमार और अनुपम कुमार सहित कई लोगों ने वीर कुंवर सिंह के जीवन और संघर्ष पर प्रकाश डाला।
















