


सीमांचल में आई बैंक स्थापना की मांग तेज, जनजागरण अभियान पर हुई चर्चा
पूर्णिया : दधीचि नेत्रदान एवं देहदान प्रांतीय सम्मेलन 2026 तथा सीमांचल क्षेत्र में आई बैंक की स्थापना को लेकर सोमवार को पूर्णिया में एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक में दधीचि देहदान समिति, पूर्णिया के पदाधिकारियों एवं सदस्यों ने गवर्नमेंट मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पिटल (जीएमसीएच), पूर्णिया के प्राचार्य प्रो. (डॉ.) हरि शंकर मिश्रा से मुलाकात कर कार्यक्रम की रूपरेखा एवं जनजागरण अभियान पर विस्तार से चर्चा की।

बैठक में वरिष्ठ शल्य चिकित्सक एवं दधीचि देहदान समिति के उपाध्यक्ष डॉ. अनिल कुमार गुप्ता ने कहा कि नेत्रदान एवं देहदान मानवता की सर्वोच्च सेवा है। उन्होंने कहा कि समाज में इसके प्रति व्यापक जागरूकता फैलाने की आवश्यकता है, ताकि अधिक से अधिक लोग इस पुनीत कार्य से जुड़ सकें।
डॉ. गुप्ता ने कहा कि सीमांचल क्षेत्र में आई बैंक की स्थापना समय की बड़ी जरूरत है। इससे नेत्र रोग से पीड़ित असंख्य जरूरतमंद मरीजों को लाभ मिल सकेगा और क्षेत्र में स्वास्थ्य सेवाओं को नई मजबूती मिलेगी।

बैठक में दधीचि देहदान समिति की पूर्व अध्यक्षा पंकजा कुमारी, सदस्य रूमा दास गुप्ता, डॉ. अक्षय शर्मा, सदस्य रविंद्र कुमार शाह एवं वर्तमान जिलाध्यक्ष हिना सईद सहित अन्य सदस्यों ने भाग लिया।
सभी सदस्यों ने आगामी 7 जून 2026 को आयोजित होने वाले “दधीचि नेत्रदान एवं देहदान प्रांतीय सम्मेलन 2026” को सफल बनाने के लिए व्यापक जनसहभागिता सुनिश्चित करने पर बल दिया।

बैठक के दौरान पूर्णिया में आई बैंक की स्थापना की मांग को प्रमुखता से उठाया गया। प्रतिनिधिमंडल ने कहा कि सीमांचल क्षेत्र में बेहतर स्वास्थ्य सुविधाओं के विस्तार और नेत्र रोगियों के उपचार के लिए आई बैंक की स्थापना अत्यंत आवश्यक है।
जीएमसीएच पूर्णिया के प्राचार्य प्रो. (डॉ.) हरि शंकर मिश्रा ने कार्यक्रम के सामाजिक एवं मानवीय उद्देश्यों की सराहना की। उन्होंने जनजागरण अभियान एवं सम्मेलन को लेकर हरसंभव सहयोग का आश्वासन दिया।
सम्मेलन के तहत नेत्रदान, देहदान एवं अंगदान के प्रति जागरूकता फैलाने के लिए विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। इनमें ब्लाइंड वॉक, हस्ताक्षर अभियान, जनसंवाद कार्यक्रम एवं सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रमुख रूप से शामिल होंगे।













